संन्यास का स्वरूप बदला या बदल दी गई परिभाषा? त्याग, तप और परमात्मा की साधना बनाम पद, प्रतिष्ठा और राजनीति पर
हरिद्वार। सनातन परंपरा में संन्यास आश्रम को जीवन का सर्वोच्च और सबसे कठिन मार्ग माना गया है। शास्त्रों के अनुसार संन्यासी वह है जो अपने परिवार, संपत्ति, मोह-माया और सांसारिक संबंधों का पूर्ण त्याग कर […]









