भगवा की आड़ में ‘लिफाफा संस्कृति’! भंडारों में बिन बुलाए पहुंचने वाले संतों की चर्चा तेज
भंडारे का बुलावा नहीं आया तो फोन घुमाया, ‘आ जाइए’ सुनते ही गाड़ी दौड़ाई! हरिद्वार। भगवा रंग जितना पवित्र माना जाता है, उतनी ही बड़ी जिम्मेदारी भी उसके साथ जुड़ी है। लेकिन संत समाज के […]








