हरिद्वार। कांवड़ मेला-2026 के मद्देनज़र खाद्य सुरक्षा विभाग ने सोमवार को जनपद के विभिन्न कांवड़ मार्गों पर सघन निरीक्षण अभियान चलाया। अभियान के दौरान 43 खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया, जबकि फूड लाइसेंस नहीं मिलने पर 9 प्रतिष्ठानों को नोटिस जारी किए गए। साथ ही दही, दूध, तेल, सरसों का तेल, चॉकलेट और बेवरेज सहित 6 खाद्य नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए।
खाद्य सुरक्षा आयुक्त विनय शंकर पाण्डेय एवं जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देश पर जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी महीमनन्द जोशी के नेतृत्व में बहादराबाद से धनौरी कांवड़ पटरी मार्ग पर 16 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। इनमें 9 प्रतिष्ठानों पर फूड लाइसेंस और आवश्यक अभिलेख नहीं मिले, जिसके चलते संचालकों को दो दिनों के भीतर लाइसेंस बनवाकर प्रदर्शित करने के निर्देश देते हुए नोटिस जारी किए गए। टीम ने रेट सूची प्रदर्शित करने, बासी भोजन का विक्रय न करने, खाद्य पदार्थों को ढककर रखने और स्वच्छता बनाए रखने के निर्देश भी दिए। यहां से दही, दूध और तेल के तीन नमूने जांच के लिए लिए गए।
खाद्य सुरक्षा अधिकारी कैलाश टट्टा के नेतृत्व में दूसरी टीम ने भूपतवाला क्षेत्र के 10 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया, जहां सभी प्रतिष्ठानों में फूड लाइसेंस एवं फूड सेफ्टी डिस्प्ले बोर्ड प्रदर्शित पाए गए।
वहीं खाद्य सुरक्षा अधिकारी पवन कुमार के नेतृत्व में तीसरी टीम ने भगवानपुर से गागलहेड़ी तक 17 खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। सभी प्रतिष्ठानों में फूड लाइसेंस एवं फूड सेफ्टी डिस्प्ले बोर्ड उपलब्ध मिले।
इसके अतिरिक्त खाद्य सुरक्षा अधिकारी कपिल देव ने रुड़की तहसील के कांवड़ पटरी मार्ग स्थित प्रतिष्ठानों से सरसों का तेल, चॉकलेट एवं बेवरेज के तीन नमूने लेकर प्रयोगशाला जांच के लिए भेजे।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने कहा कि कांवड़ मेले के दौरान श्रद्धालुओं को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए निरीक्षण अभियान लगातार जारी रहेगा। खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों के विरुद्ध नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।


