हरिद्वार। सलेमपुर महदूद क्षेत्र में मतदाता सूची से संबंधित आपत्तियां दर्ज कराने को लेकर विवाद सामने आया है। मामले में अधिवक्ता फरमान अली की ओर से विकास कुमार को कानूनी नोटिस भेजकर तीन दिन के भीतर सार्वजनिक रूप से लिखित एवं मौखिक माफी मांगने तथा दर्ज कराई गई आपत्तियों के संबंध में साक्ष्य प्रस्तुत करने की मांग की गई है।
नोटिस के अनुसार, फरमान अली स्वयं को विधानसभा क्षेत्र 26, बीएचईएल रानीपुर के ग्राम सलेमपुर महदूद स्थित बूथ संख्या 185 का बीएलए-2 बताते हैं। आरोप है कि विकास कुमार द्वारा प्रारूप-7 के माध्यम से कुल 22 आपत्तियां दर्ज कराई गईं, जिन्हें नोटिस में झूठे कथनों पर आधारित बताया गया है।
नोटिस में कहा गया है कि इन आपत्तियों के कारण संबंधित लोगों को मानसिक, शारीरिक और आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ा। साथ ही आरोप लगाया गया है कि आपत्तियां दर्ज कराने के दौरान उनके समर्थन में कोई साक्ष्य संलग्न नहीं किया गया और केवल हस्ताक्षर व मोबाइल नंबर दर्ज किए गए।
अधिवक्ता की ओर से भेजे गए नोटिस में यह भी दावा किया गया है कि नियमानुसार एक व्यक्ति द्वारा पांच व्यक्तियों के नाम पर ही आपत्ति दर्ज कराई जा सकती है, जबकि संबंधित व्यक्ति ने कथित तौर पर 22 आपत्तियां दर्ज कराईं। नोटिस में इसे नियम विरुद्ध बताते हुए पूरे मामले में आपत्तियों के उद्देश्य और आधार पर सवाल उठाए गए हैं।
नोटिस के माध्यम से विकास कुमार को तीन दिन के भीतर बीएलओ उषा रानी के समक्ष दर्ज कराई गई आपत्तियों को वापस लेने अथवा प्रत्येक आपत्ति के समर्थन में उपलब्ध साक्ष्य संबंधित व्यक्तियों के साथ प्रस्तुत करने और साक्ष्यों की प्रतियां उपलब्ध कराने को कहा गया है।
नोटिस में चेतावनी दी गई है कि निर्धारित अवधि में मांग पूरी नहीं होने पर अधिवक्ता के व्यवहारी तथा अन्य प्रभावित व्यक्ति सक्षम न्यायालय में कानूनी कार्रवाई शुरू करेंगे। नोटिस में होने वाले हर्जे-खर्चे की जिम्मेदारी भी संबंधित व्यक्ति पर डाले जाने की बात कही गई है।
हालांकि, नोटिस में लगाए गए आरोपों पर विकास कुमार का पक्ष सामने नहीं आया है। उनका पक्ष मिलने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।


