हरिद्वार। नगर निगम की मेयर व एमएनए के बीच का विवाद किसी से छिपा नहीं। इसी की बानगी देखिए कि देवपुरा स्थित निगम की भूमि पर बिना अनुमति के व्यावसायिक गतिविधिया चला रही महिला पर कार्यवाही ना होने से आक्रोशित मेयर प्रतिनिधि अशोक शर्मा ने सैकड़ों कांग्रेसी कार्यकर्ताओं के साथ सीएम के नाम एक ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को दिया।
मेयर प्रतिनिधि ने कहा कि नगर नगर निगम, हरिद्वार की सम्पत्ति देवपुरा स्थित आवास पर बिना अनुमति के व्यवसायिक गतिविधियां पाई जाने व बिना बिजली कनेक्शन के बिजली चोरी पर उक्त महिला के खिलाफ कोई कार्यवाही नहीं हुई, जबकि उक्त महिला के खिलाफ नगर कोतवाली, हरिद्वार में प्राथमिकी दर्ज करने हेतु प्रार्थना पत्र भी दिया गया। यह एक चिंता का विषय है।
बता दें कि बीते रोज भी मेयर प्रतिनिधि ने एक प्रेस वार्ता में निगम के अधिकारियो पर आरोप लगते हुए कहा था कि मेयर अनीता शर्मा ने देवपुरा स्थित निगम की सम्पत्ति पर रह रही महिला ने वहां बिना अनुमति के व्यवसायिक गतिविधियां चला रखी हैं, जिसके सम्बन्ध में उस पर कार्यवाही करने के लिए उन्होंने एमएनए को आदेश दिए थे। जिस पर कोई कार्यवाही अमल में नहीं लाई गई। आरोप ये भी है कि एमएनए सहित कई निगम अधिकारी मनमाने ढंग से काम कर रहे हैं, उन्हें तो कोई जानकारी भी नहीं दी जा रही।
ज्ञापन देने वालों में मेयर प्रतिनिधि अशोक शर्मा के अतिरिक्त पार्षद उदयवीर चौहान, जफर अब्बासी, सुहेल कुरेशी, तहसीन अंसारी, पुनीत कुमार जतिन हांडा, देवेश गौतम, नितिन कौशिक, गौरव चौहान, मनोज जाटव, विकास चौहान, जगदीप अस्वाल, राजकुमार ठाकुर सुरेंद्र सैनी, सत्येंद्र शर्मा, आकाश बिरला, रजत कुमार, सुनील कुमार, समर्थ अग्रवाल, नावेद अंसारी, शुभम अग्रवाल, सपना सिंह, वसीम सलमानी, करण सिंह राणा, बृजमोहन वाल हरद्वारी लाल सागर निषाद, दिव्यांश अग्रवाल, दिलशाद मंसूरी, अमित रस्तोगी आदि शामिल थे।


