हरिद्वार। जनपद में चल रहे ऑपरेशन प्रहार के तहत हरिद्वार पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है। इसी क्रम में पुलिस ने जमीन की धोखाधड़ी के एक मामले में लंबे समय से फरार चल रहे आरोपित को गिरफ्तार कर लिया है।
मामला करीब 20 लाख रुपये की फर्जी रजिस्ट्री से जुड़ा है, जिसमें वादी को ही धोखे से खरीददार दिखाया गया था। पुलिस के अनुसार, आरोपी वर्ष 2024 से फरार चल रहा था, जबकि उसके एक साथी को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है।
क्या है पूरा मामला
वर्ष 2024 में कोतवाली रूड़की में मुकदमा दर्ज किया गया था। शिकायतकर्ता संजीव कुमार, निवासी सराय ज्वालापुर, ने आरोप लगाया था कि रणवीर और इस्लाम ने किसी अन्य व्यक्ति की भूमि की फर्जी रजिस्ट्री उसके नाम पर कर दी। यह मुकदमा अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रूड़की न्यायालय के आदेश पर दर्ज किया गया था।
जांच में सामने आई साजिश
विवेचना के दौरान खुलासा हुआ कि पिंकू उर्फ अजय और रणवीर ने मिलकर आपराधिक षड्यंत्र रचा। आरोप है कि पिंकू उर्फ अजय ने मृतक इस्लाम पुत्र हनीफ का प्रतिरूपण कर कूटरचित दस्तावेज तैयार किए और 9 अगस्त 2021 को भूमि का फर्जी विक्रय कर दिया। इस मामले में पहले ही पिंकू उर्फ अजय को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। साक्ष्यों के आधार पर मुकदमे में धारा 419, 467, 468, 471 और 120बी भादवि की बढ़ोतरी भी की गई।
ससुराल से दबोचा गया आरोपी
पुलिस टीम ने लगातार प्रयास करते हुए फरार आरोपित रणवीर को उसके ससुराल, शेखपुरा कदीम (थाना कोतवाली देहात, सहारनपुर) से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया। आरोपित का नाम पता रणवीर पुत्र कवर पाल, निवासी पीतपुर, कोतवाली लक्सर, जनपद हरिद्वार बताया गया है।


