छह माह से सालभर तक वेतन को तरसे कर्मचारी, घरों में आर्थिक संकट, आज से कलमबंद हड़ताल

विनोद धीमान
हरिद्वार।
लक्सर बहुउद्देशीय सहकारी समितियों (पैक्स) में तैनात सचिवों और कर्मचारियों पर वेतन संकट गहरा गया है। कहीं छह माह से तो कहीं सालभर से वेतन नहीं मिला है। हालात ये हैं कि बच्चों की फीस भरना और घर का खर्च चलाना भी मुश्किल हो गया है। परेशान होकर सचिव एवं कर्मचारी संयुक्त संगठन उत्तराखंड ने आज एक अक्टूबर से प्रदेशभर में कलमबंद हड़ताल शुरू कर दी है।

परिवारों पर टूटा आर्थिक संकट
अतुल यादव, मनोज सैनी, हिरेंद्र चौहान, नीरज सैनी, सुरेश सैनी, प्रदीप, योगेश सैनी, संजय, अरुण, रामदास, अनुज सैनी, रामकिशोर, शशिकांत, विनीत, तेजवीर और अकरम समेत कर्मचारियों का कहना है कि बिना वेतन के परिवार पालना चुनौती बन गया है। जरूरतें पूरी करने के लिए लिया कर्ज बढ़ता जा रहा है। कर्मचारियों का कहना है कि वेतन न मिलने से समितियों के रोजमर्रा के खर्च भी ठप पड़ गए हैं। समितियों का संचालन तक मुश्किल हो रहा है।

18 सितंबर से बहिष्कार, अब काम ठप
संगठन ने 18 सितंबर से ही सूचनाओं, बैठकों, मेलों और कैंपों का बहिष्कार करना शुरू कर दिया था। अब एक अक्टूबर से सभी पैक्स कार्यालयों में कलमबंद हड़ताल शुरू कर दी गई है। संगठन ने ऐलान किया है कि 5 अक्टूबर से देहरादून स्थित निदेशक कार्यालय पर अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। मांगें न मानी गईं तो आंदोलन और तेज होगा।

ये हैं प्रमुख मांगें
एम-पैक्स व्यवस्था में सुधार, समितियों के पंजीकरण व संचालन की समस्याओं का समाधान, पैक्स सचिवों-कर्मचारियों के हितों की सुरक्षा, स्वास्थ्य सुरक्षा, लंबित मांगों पर शासनादेश जारी करना और पेंशन व अन्य सेवा लाभ देना।

अधिकारी जवाब देने से बचे
इस संबंध में जिला सहायक निबंधक मोनिका चुनारे से बात की गई तो उन्होंने बयान देने से इनकार कर दिया। देहरादून कृषि निदेशक कार्यालय के अधिकारी ने खुद को सचिवालय लखनऊ में बताकर पल्ला झाड़ लिया। जिम्मेदार अधिकारियों की चुप्पी से कर्मचारियों में और आक्रोश है।
संगठन ने कर्मचारियों से आंदोलन में एकजुट होकर भाग लेने की अपील की है। पदाधिकारियों का कहना है कि कर्मचारियों के अधिकारों और मांगों को लेकर संगठन संघर्ष जारी रखेगा। अब निगाहें शासन और विभागीय अधिकारियों के रुख पर टिकी हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *