हरिद्वार। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देश पर जनपद में विद्यालय वाहनों के विरुद्ध विशेष प्रवर्तन अभियान चलाया गया। सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) नेहा झा के नेतृत्व में परिवहन विभाग की टीम ने विभिन्न स्कूलों के 54 वाहनों का सघन निरीक्षण किया। जांच के दौरान सुरक्षा मानकों और मोटरयान अधिनियम के उल्लंघन पाए जाने पर 30 विद्यालय वाहनों के चालान किए गए।
निरीक्षण के दौरान कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। एक वाहन बिना वैध फिटनेस प्रमाणपत्र, छह वाहनों में परमिट संबंधी खामियां, एक वाहन का बीमा समाप्त, एक वाहन बिना प्रदूषण प्रमाणपत्र तथा एक चालक के आवश्यक दस्तावेज अधूरे पाए गए। इसके अलावा चार वाहनों में आपातकालीन निकास या अन्य सुरक्षा उपकरणों की कमी मिली, आठ वाहनों में फर्स्ट एड बॉक्स नहीं था और दस वाहनों में अग्निशमन यंत्र अनुपलब्ध या एक्सपायर मिले। टैक्स और ड्राइविंग लाइसेंस से जुड़ी चार अन्य अनियमितताओं पर भी नियमानुसार कार्रवाई की गई।
अभियान के दौरान वाहन स्वामियों, विद्यालय प्रबंधन और चालकों को सख्त निर्देश दिए गए कि सभी विद्यालय वाहन निर्धारित सुरक्षा मानकों का पूरी तरह पालन करें। विभाग ने स्पष्ट किया कि प्रत्येक स्कूल वाहन में वैध फिटनेस, परमिट, बीमा, प्रदूषण प्रमाणपत्र, चालक के वैध दस्तावेज, फर्स्ट एड बॉक्स, अग्निशमन यंत्र, आपातकालीन निकास और अन्य आवश्यक सुरक्षा उपकरण हर समय उपलब्ध होना अनिवार्य है।
परिवहन विभाग ने दोहराया कि बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अभियान में परिवहन कर अधिकारी श्रीमती वरुणा सैनी और परिवहन कर अधिकारी मुकेश भारती भी शामिल रहे। विभाग ने कहा कि विद्यालय वाहनों के विरुद्ध ऐसे विशेष प्रवर्तन अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।


