विनोद धीमान
हरिद्वार। समय की धूल में दबा एक अपहरण का मामला आखिरकार सामने आ ही गया। वर्ष 2019 से मुंबई से लापता युवती को डोबिवली रेलवे पुलिस की विशेष टीम ने लक्सर क्षेत्र से सकुशल बरामद कर लिया। इस कार्रवाई के साथ ही छह साल पुराने मामले में कानून की गाड़ी फिर से पटरी पर लौट आई है।
मामला अ0सं0 382/2019, धारा 363 भादवि से जुड़ा है। 13 फरवरी को डोबिवली रेलवे पुलिस की टीम युवती की तलाश में लक्सर पहुंची। टीम ने स्थानीय पुलिस से समन्वय स्थापित कर ग्राम खड़ंजा कुतुबपुर में दबिश दी, जहाँ से आरोपी साबिर पुत्र मुकर्रम और अपहृता युवती को बरामद किया गया।
जांच में सामने आया कि आरोपी 6 वर्ष पूर्व युवती को मुंबई से अपने साथ लेकर फरार हो गया था। बाद में दोनों ने निकाह कर लिया और वर्तमान में उनके तीन बच्चे बताए जा रहे हैं। वर्षों तक यह मामला फाइलों में दबा रहा, लेकिन पुलिस की लगातार कोशिशों के चलते अब इसका खुलासा हो सका।
कोतवाली प्रभारी प्रवीण सिंह कोश्यारी के अनुसार, वर्ष 2019 में मुंबई के डोबिवली रेलवे पुलिस स्टेशन में साबिर पुत्र मुकर्रम निवासी खड़ंजा कुतुबपुर के विरुद्ध अपहरण का मुकदमा दर्ज किया गया था।
आरोपी तभी से फरार चल रहा था। बरामदगी के बाद आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी कर डोबिवली रेलवे पुलिस की टीम आरोपी और अपहृता को अपने साथ मुंबई रवाना हो गई।
यह मामला न सिर्फ पुलिस की सतर्कता का उदाहरण है, बल्कि यह भी दिखाता है कि समय चाहे जितना बीत जाए, कानून की पकड़ ढीली नहीं पड़ती।


